उपलब्धि : एक जिले से तीन अंतरिक्ष यात्री
15 जुलाई को अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के लिए भरेंगे उड़ान, केरल के पलक्कड़ की अद्भुत कहानी
तिरुवनंतपुरम। केरल के पलक्कड़ जिले के लिए यह एक बेहद गर्व का क्षण है, जिसका नाता अब एक साथ तीन अंतरिक्ष यात्रियों से जुड़ गया है। ये तीन नाम हैं, अन्ना मेनन, डॉ. अनिल मेनन और एयर कमोडोर प्रशांत बालकृष्णन नायर।
इस पूरी बात को ऐसे समझिए कि आने वाले 15 जुलाई को भारतीय मूल के नासा अंतरिक्ष यात्री डॉ. अनिल मेनन रूस के सोयूज MS-29 अंतरिक्ष यान से अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के लिए उड़ान भरने वाले हैं।
प्रशांत नायर ने भेजा भावुक संदेश
अनिल मेनन की इस यात्रा से ठीक पहले गगनयान मिशन के भारतीय अंतरिक्ष यात्री प्रशांत नायर ने उन्हें और उनकी पत्नी को एक बेहद भावुक संदेश भेजा है। प्रशांत और अनिल ने पिछले साल ह्यूस्टन में एक साथ ट्रेनिंग की थी और दोनों के बीच गहरी दोस्ती है।
भारत से अनिल मेनन का गहरा जुड़ाव
बता दें कि डॉ. अनिल मेनन का भारत और केरल से गहरा जुड़ाव है। अमेरिका में जन्मे अनिल के पिता भारतीय हैं। अंतरिक्ष यात्री बनने से पहले उन्होंने भारत में रहकर पोलियो उन्मूलन अभियान में भी बढ़-चढ़कर योगदान दिया था। वे सिर्फ एक अंतरिक्ष यात्री नहीं, बल्कि एक डॉक्टर, मैकेनिकल इंजीनियर और अमेरिकी स्पेस फोर्स में कर्नल भी हैं।
अनिल मेनन पहले नासा में फ्लाइट सर्जन के रूप में अन्य अंतरिक्ष यात्रियों की मदद करते थे, लेकिन अब वे खुद 8 महीने के लिए अंतरिक्ष में रहकर मानव शरीर पर पड़ने वाले प्रभावों और उन्नत चिकित्सा तकनीकों पर रिसर्च करेंगे।
अन्ना मेनन की कहानी
दिलचस्प बात यह है कि अनिल मेनन की पत्नी अन्ना मेनन भी एक मशहूर अंतरिक्ष यात्री हैं। उन्होंने सितंबर 2024 में ‘पोलरिस डॉन’ नामक ऐतिहासिक निजी अंतरिक्ष मिशन में हिस्सा लिया था, जिसने दुनिया का पहला कमर्शियल स्पेस वॉक किया था।
अन्ना अंतरिक्ष में सबसे दूर तक जाने वाली महिलाओं में से एक हैं। आज वे खुद नासा में ट्रेनिंग ले रही हैं। अनिल और अन्ना दुनिया के उन चुनिंदा जोड़ों में से हैं, जहां पति-पत्नी दोनों अंतरिक्ष यात्री हैं। वहीं, तीसरे अंतरिक्ष यात्री प्रशांत नायर भारत के महत्वाकांक्षी ‘गगनयान’ कार्यक्रम का चेहरा हैं। इस तरह, एक ही जिले से तीन दिग्गजों का संबंध होना केरल और पूरे भारत के लिए अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक और अद्भुत उपलब्धि है।
